मैं शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी की शहादत को नमन करता हूं**शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी की स्मृतियां रगों में जोश भरती हैं**देश के दुश्मनों का मुकाबला करने में वे कभी रुके नही, थके नही**जब आतंवादियों ने हमला किया तो आखिरी गोली तक वे दुश्मनों से लड़ते रहे, उन्होंने अपनी पत्नी अनुजा और बेटे अबीर के साथ शहादत दी**उनके इस अमर बलिदान को हम नमन करते हैं*
